April 30, 2018 Posted by कलमरथ हिंदी साहित्य समूह No comments
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धोखे के मुखोटे  (मेरी अभिव्यक्ति)
*दो मिनट का समय निकालकर जरुर पढ़ें*

आज मैं आपको उन ‘धोखे के मुखोटों’ के बारे में बता रहा हूँ जिसके कारण एक इन्सान अक्सर धोखा खा ही जाता है | हो सकता है कि आप मेरी इस अभिव्यक्ति से सहमत न हो........लेकिन फिर भी इस पर अपनी राय जरुर देना कि मैंने जो लिखा सही है या गलत....... आइये निम्न बिन्दुयों के द्वारा समझते है:-
1.       सोशल मिडिया चैट : आजकल लोग सबसे ज्यादा धोखा सोशल मिडिया पर हुई चैट में खाते है थोड़ी सी समझदारी व अच्छी बातें कर लो वो बस वो एक मिनट की चैट घंटो में बदल जाती है अभी भी क्लियर पता नहीं चलता की सामने वाला सचमुच अपनी चैट के अनुसार आचरण करता है या नहीं |
2.       शादी के लिए लड़के/लड़की की फ़ोटो : आजकल कुछ लोग रिश्ते के लिए लड़के/लड़की की फोटो देखकर ही रिश्ता पका कर देते है उपर से लड़का/लड़की सुंदर व नौकरी लगे हो तो मना ही नहीं कर पाते | तो यह कड़ी भी धोखे को न्योंता देती है |
3.       दिखावा : कुछ लोग एक दुसरे की ओर सिर्फ इस लिए आकर्षित हो जाते हैं कि वह अच्छी बातें करता है अच्छा पहनता  है.....| हो सकता है वो सिर्फ आपके लिए ही ऐसा कर रहा हो ये भी एक धोखे का मुखोटा है |
4.       अन्धा यकीन : आजकल लोग एक-दूसरे पर आंखे बंद करके यकीन करने लगे जिसमें कहीं न कहीं धोखा होने की संभावना रहती है | इस यकीन के सही हकदार तो मैं बस माँ-बाप को ही मानता हूँ |

और भी बहुत से धोखे के मुखोटे है जिनसे हमें बचकर रहना चाहिए अगर आपके पास भी मेरी इस अभिव्यक्ति से संबधित कोई धोखे का मुखोटा है तो कोमेंट कर जरुर बताएं |

लेखक: सुखचैन मेहरा सम्पर्क सूत्र: 9460914014 

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